Kerala Model of Economic Growth Vs Gujrat Model
Siddharth Ramu केरल में अब कोई गरीबी रेखा के नीचे नहीं है। हम भारतीयों को क्यों केरल मॉडल पर गर्व होना चाहिए? ( गरीबी के आंकड़ों का स्रोत-द हिंदू, 23 अक्टूबर, 2025) योजना आयोग को खत्म कर नरेंद्र मोदी सरकार ने नीति आयोग गठित किया। इसी नीति आयोग की 2021 की रिपोर्ट के अनुसार केरल में सिर्फ 0.7 प्रतिशत लोग गरीबी रेखा ( इसे अत्यधिक गरीबी भी कहा जाता है।) के नीचे हैं। केरल की सरकार ने इन 0.7 प्रतिशत परिवारों के चिन्हित किया और इनकी गरीबी को खत्म करने के लिए विशेष कदम उठाए। इसके नतीजे के तौर अब यह स्थिति है कि केरल में कोई परिवार या व्यक्ति गरीबी रेखा के नीचे नहीं है। इसकी औपचारिक घोषणा केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने की। केरल की इस उपलब्धि को सेलीब्रेट करने के लिए 1 नवंबर को केरल की राजधानी तिरुवनन्तपुरम में आयोजन होगा। यदि नीति आयोग के आंकड़ों ( 2021) आधार पर देखें तो पूरे भारत में गरीबी रेखा के नीचे 14.96 प्रतिशत लोग हैं। गुजरात में 11.66 प्रतिशत, बिहार में 33.76 प्रतिशत और यूपी में 22.93 प्रतिशत लोग हैं। गरीबी रेखा के इस पैमाने को बहुआयी गरीबी ( Multidimensiona...